RBL बैंक आपको सावधि जमा खाते पर समय से पहले निकासी की सुविधा देता है। हालांकि ऐसा करने पर बैंक 1% तक का जुर्माना लगा सकता है। इससे आपके मूलधन पर कोई असर नहीं पड़ेगा, लेकिन मिलने वाला ब्याज कम हो जाता है। साथ ही यह ब्याज उतने दिनों के अनुसार मिलता है, जितने दिनों के लिए आपका पैसा एफडी में रहता है।

गारंटीड प्लान
(बीमा कंपनियों द्वारा)फिक्स्ड डिपॉजिट
(बैंकों द्वारा प्रदान)सेविंग अकाउंट
(पोस्ट ऑफिस)पूरी तरह से टैक्स-फ्री, जीवन कवर शामिल
दरअसल जब आप अपने एफडी खाते को समय से पहले तोड़ते हैं, तो इस पर बैंक पेनल्टी लगाता है। इससे खाताधारकों को ब्याज के नुकसान का भारी भरकम बोझ उठाना पड़ता है। बैंक आपको एफडी राशि निकालने की अनुमति तो देता है, लेकिन एफडी ब्याज से 1% तक का जुर्माना भी काट सकता है।
ऐसे में आप खाते को बंद न करके, उसके बदले लोन या क्रेडिट कार्ड भी ले सकते हैं। इससे आप ब्याज के भारी नुकसान से भी बच सकते हैं। RBL एफडी ब्याज दर के अनुसार ब्याज केवल उतनी अवधि पर मिलता है, जितनी समय तक आप निवेशित रहे हैं।
RBL बैंक की एफडी को समय से पहले कैसे तोड़ सकते हैं? आइए इसका ऑनलाइन तरीका जानते हैं:
एफडी खाते को समय से पहले बंद करने से आपकी एफडी पर क्या प्रभाव पड़ेगा:
आरबीएल बैंक में सावधि जमा खाता जारी रखने के लिए निम्न सुविधाओं की मदद ले सकते हैं:
| सुविधा | कितनी निकासी कर सकते हैं | निकासी राशि पर ब्याज दर |
| सावधि जमा के बदले लोन | सावधि जमा राशि का 90% | एफडी दर से 0.50% से 2% |
| सावधि जमा के बदले क्रेडिट कार्ड | सावधि जमा राशि का 90% | समय पर बिल भरने पर कोई जुर्माना नहीं लगता है |
अगर आप अपनी एफडी बंद नहीं करना चाहते हैं, तो आप बैंक की अन्य एफडी सुविधाओं को चुन सकते हैं। दरअसल आरबीएल बैंक आपको एफडी न तोड़नी पड़ें और जुर्माना न झेलना पड़ें, इसके लिए लोन और क्रेडिट कार्ड की सुविधा उपलब्ध कराता है। इसके अंतर्गत बैंक आपकी एफडी को सुरक्षा के तौर पर गिरवी रख लेता है और बदले में आपको एफडी के बदले लोन या क्रेडिट कार्ड की सुविधा देता है। इससे आपको एफडी तोड़ने की जरूरत भी नहीं पड़ती है, और आपके पैसों की जरूरत भी पूरी हो जाती है।